चैट जीपीटी ने कमाल और धमाल दोनों मचा रखा है। कुछ लोग उत्साहित हैं, कुछ अचंभित हैं तो कुछ लोग भयभीत हैं। पढ़िए मेरी हिंदी हास्य कविता - चैट जीपीटी और गोलमाल।
अम्मा जी के नुस्खे – भाग २
पता हीं नहीं चला कब इच्छायें हमारी ज़रुरत बन गयी। इच्छाओं के पीछे भागते भागते इंसान अपना सारा जीवन यूँ हीं व्यर्थ कर रहा है। ख़ुशी क्या है ? सुकून क्या है ? इनकी परिभाषा बाजार, टीवी, रेडियो और इंटरनेट ने बदल दी है। कौन सा खाना हमारी भूख बेहतर मिटा सकता है ? किस कार में ऑफिस जाना हमारे लिए ज्यादा सुरक्षित है ? छुट्टियों में क्या किया जाये ? सालगिरह पर बीवी को क्या तोहफा दिया जाये ? ये सवाल करना हमें सिखाया गया। और फिर इनके महंगे जवाब दिए गए।
अम्मा जी के नुस्खे – भाग १
अम्मा जी के पास हर समस्या का अनोखा हल रहता है। हमेशा खुश रहने वाली हमारी सुपर अम्मा जी सभी के सवालों का झट पट जवाब दे देती हैं। बच्चे, बूढ़े सभी अम्मा जी के पास अपने सवाल और समस्याएं ले कर आते हैं।
नेपोटिज्म क्या है?
घर में छोटे बंकू ने जब पूछा, "ये नेपोटिज्म क्या है?" तो देखिए क्या मज़ेदार जवाब मिले! पापा ने बताया, "बेटा, जब कंपनी के विदेश दौरे के लिए बॉस अपने साले की सिफारिश करता है।" और दीदी भी पीछे नहीं रहीं।
मलेरिया और डेंगू
चित्रकथा। मलेरिया और डेंगू की परेशानी
लॉक डाउन के किस्से
लॉक डाउन मेँ पति पत्नी की नोंक झोक ।